Connect with us

Delhi

America के Tariff Decisionपर भड़के S. Jaishankar, बोले – “बहुत हैरान करने वाली बात है”

Published

on

विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर ने अमेरिका द्वारा भारत पर लगाए गए अतिरिक्त टैरिफ (tariffs) पर कड़ा सवाल उठाया है। जयशंकर ने कहा कि वॉशिंगटन का यह रवैया “बहुत perplexing यानी हैरान करने वाला” है, क्योंकि चीन और यूरोपियन यूनियन (EU) कहीं ज़्यादा मात्रा में रूस से तेल और गैस खरीदते हैं, लेकिन आलोचना और सज़ा सिर्फ भारत को मिल रही है।

भारत की दलील – “हम सबसे बड़े खरीदार नहीं”

जयशंकर ने साफ कहा कि भारत रूस से तेल खरीदने वाला सबसे बड़ा खरीदार नहीं है। उन्होंने उदाहरण दिया कि –

  • चीन रूस से सबसे ज़्यादा तेल खरीदता है।
  • यूरोपियन यूनियन (EU) रूसी गैस का सबसे बड़ा इम्पोर्टर है।
  • भारत का रूस के साथ जो ट्रेड (trade) बढ़ा है, वह भी दुनिया में सबसे ज़्यादा नहीं है।

इसके बावजूद केवल भारत पर अमेरिका ने 25% penalty tariff लगाकर कुल टैरिफ 50% तक कर दिया है।

“हम अमेरिका से भी तेल खरीदते हैं”

जयशंकर ने यह भी कहा कि भारत सिर्फ रूस पर निर्भर नहीं है। भारत अमेरिका से भी लगातार तेल खरीद रहा है। ऐसे में यह और भी अजीब है कि वॉशिंगटन सिर्फ भारत को टारगेट कर रहा है। उन्होंने कहा – “जब हमें खुद अमेरिका ने कहा था कि ग्लोबल एनर्जी मार्केट को स्टेबल रखने के लिए हमें रूसी तेल खरीदना चाहिए, तो अब अचानक सज़ा क्यों दी जा रही है?”

अमेरिका का फैसला और असर

डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन ने 1 अगस्त 2025 से भारतीय सामानों पर पहले ही 25% reciprocal tariff लगाया था। इसके बाद रूस से तेल खरीदने की वजह से 25% का penalty tariff और जोड़ दिया गया। यानी अब अमेरिका में भारत से जाने वाले कई प्रोडक्ट्स पर 50% तक टैक्स देना होगा।

इसका सीधा असर भारत के उन सेक्टर्स पर पड़ सकता है जो अमेरिका को ज्यादा एक्सपोर्ट करते हैं – जैसे फार्मा (pharma), टेक्सटाइल (textiles), एग्रीकल्चर (agriculture) और आईटी सर्विसेज़।

भारत–रूस रिश्तों पर जोर

मॉस्को यात्रा के दौरान जयशंकर ने रूसी विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव से मुलाकात की। दोनों देशों ने कहा कि भारत-रूस रिश्ते द्वितीय विश्व युद्ध के बाद से सबसे स्थिर रहे हैं।

  • रूस ने भारत को आर्कटिक और फार ईस्ट में energy प्रोजेक्ट्स में पार्टनर बनने का न्योता दिया।
  • भारत ने रूस से कहा कि अब ट्रेड सिर्फ तेल और डिफेंस तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि फार्मा, कपड़े, कृषि और टेक्नोलॉजी सेक्टर में भी बढ़ाया जाएगा।

भू-राजनीतिक असर (Geopolitical Impact)

विशेषज्ञों का मानना है कि अमेरिका का यह कदम भारत को रूस और चीन के और करीब धकेल सकता है। इससे अमेरिका–भारत रिश्तों पर नकारात्मक असर पड़ सकता है, खासकर डिफेंस कोऑपरेशन और क्वाड (Quad) जैसी साझेदारियों में।

भारत का कहना है कि उसकी energy policy diverse और practical है। यानी भारत हर उस देश से तेल और गैस खरीदता है जो सस्ती और भरोसेमंद सप्लाई दे सके। वहीं, अमेरिका का नया टैरिफ फैसला न सिर्फ भारत–अमेरिका ट्रेड को झटका देगा, बल्कि दोनों देशों के रिश्तों में भी तनाव पैदा करेगा।

यह मामला आने वाले महीनों में अंतरराष्ट्रीय राजनीति और भारत की foreign policy का बड़ा मुद्दा बनने वाला है।

Continue Reading
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Advertisement
Punjab8 minutes ago

साँझा सुनेहा सम्मेलन ने सिविल सोसायटी, इन्फ्लुएंसर्स और सरकार को एक छत के नीचे लाकर पंजाब की नशा विरोधी मुहिम ‘युद्ध नशों विरुद्ध’ को और मजबूत किया

Punjab1 day ago

CM भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली कैबिनेट द्वारा पंजाब भर की अनधिकृत कॉलोनियों को नियमित करने से संबंधित संशोधन को मंजूरी

Punjab1 day ago

’चिट्टा’ के खिलाफ चॉक: पंजाब की कक्षाएँ ‘युद्ध नशेआं विरुद्ध’ का अग्रिम मोर्चा बनीं

Punjab1 day ago

वित्त मंत्री ने राज्य के स्वास्थ्य ढांचे को मजबूत करने के लिए मल्टीपरपज़ हेल्थ वर्कर (महिला) के 619 रिक्त पद भरने की घोषणा की

Punjab1 day ago

CM भगवंत सिंह मान की अगुवाई में पंजाब कैबिनेट द्वारा ‘एस.आई.आर.’ को सुगम बनाने के लिए प्रमुख नागरिक सेवाओं की सरकारी फीस माफ

Punjab4 weeks ago

भगवंत मान सरकार का ई-रिक्शा अभियान 3,440 गांवों तक पहुंचा, पंजाब में जमीनी स्तर पर ‘युद्ध नशों विरुद्ध’ आंदोलन को मिली और मजबूती

Punjab4 weeks ago

फिरोजपुर हत्याकांड में पुलिस की बड़ी कार्रवाई, दो आरोपी गिरफ्तार

Punjab4 weeks ago

कांग्रेस में वापसी की अटकलों के बीच अमित शाह से मिले कैप्टन अमरिंदर सिंह, पंजाब की राजनीति में फिर तेज हुई चर्चाएं

Punjab4 weeks ago

पंजाब में फिर बढ़ेगी गर्मी, 8 से 12 जून तक हीटवेव का अलर्ट; जानें कब बदलेगा मौसम

Punjab4 weeks ago

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के ऐलान के 24 घंटों के भीतर पंजाब सरकार द्वारा निजी स्कूलों द्वारा मनमाने तरीके से फीस वृद्धि पर रोक लगाने के लिए कानून का मसौदा तैयार करने के आदेश