Connect with us

Delhi

सुप्रीम कोर्ट के फैसले का कांग्रेस ने किया स्वागत, कहा- SC ने लोकतंत्र को भाजपा से बचाया

Published

on

नेशनल डेस्क: कांग्रेस ने चंडीगढ़ महापौर चुनाव परिणाम को उच्चतम न्यायालय द्वारा पलटे जाने के बाद मंगलवार को कहा कि देश की सबसे बड़ी अदालत ने लोकतंत्र को ‘‘निरंकुश भारतीय जनता पाटी” के जबड़े से बचाया है। उच्चतम न्यायालय ने मंगलवार को चंडीगढ़ महापौर चुनाव के परिणाम को पलटते हुए आम आदमी पार्टी (आप)-कांग्रेस गठबंधन के पराजित उम्मीदवार कुलदीप कुमार को शहर का नया महापौर घोषित किया। न्यायालय ने 30 जनवरी के चुनाव के संचालन में गंभीर खामियां पाए जाने के बाद, निर्वाचन अधिकारी अनिल मसीह के खिलाफ “कदाचार” के लिए मुकदमा चलाने का भी आदेश दिया। मसीह भाजपा नेता हैं।

चुनावी हेरफेर का सहारा लेती बीजेपी
खरगे ने ‘एक्स’ पर पोस्ट किया, ‘‘उच्चतम न्यायालय ने लोकतंत्र को निरंकुश भाजपा के जबड़े से बचाया है। भाजपा चुनावी हेरफेर का सहारा लेती है। चंडीगढ़ महापौर चुनाव में संस्थागत रूप से नुकसान पहुंचाने का प्रयास मोदी-शाह की लोकतंत्र को कुचलने की कुटिल साजिश का एक छोटा सा हिस्सा मात्र है।” उन्होंने दावा किया, ‘‘सभी भारतीय नागरिकों को हमारे संविधान पर इस हमले का सामूहिक रूप से मुकाबला करना चाहिए। कभी नहीं भूलें। 2024 के लोकसभा चुनाव में हमारा लोकतंत्र चौराहे पर होगा!”

फैसला लोकतंत्र को बचाने में मददगार
कांग्रेस के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल ने भी ‘एक्स’ पर पोस्ट कर कहा ”चंडीगढ़ महापौर के चुनाव पर माननीय उच्चतम न्यायालय का निर्णय भारतीय लोकतंत्र को बचाने में बहुत मददगार साबित होगा। पूरी चुनाव प्रक्रिया पूरी तरह से एक दिखावा थी, जो इस ऐतिहासिक फैसले से विधिवत उजागर हो गई है।” उन्होंने कहा, ‘‘हम 4 महीने से लगातार वीवीपैट की पूरी गिनती के मुद्दे पर चर्चा के लिए निर्वाचन आयोग से समय मांग रहे हैं, लेकिन अभी तक हमें समय नहीं मिला है। हमें उम्मीद है कि निर्वाचन आयोग तेजी से कदम उठाएगा और ऐसे कदम उठाएगा जिससे लोकतांत्रिक प्रक्रिया में लोगों का विश्वास बढ़ेगा, न कि उसे ठेस पहुंचेगी।”

घपला किया, निर्वाचन अधिकारी ने कबूला
कांग्रेस के मीडिया विभाग के प्रमुख पवन खेड़ा ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘इससे ज्यादा शर्मनाक क्या हो सकता है कि निर्वाचन अधिकारी ने उच्चतम न्यायालय के समक्ष स्वीकार किया कि उसने घपला किया है, लेकिन कुछ लोग कह रहे हैं कि उसने कोई घपला नहीं किया है।” उन्होंने दावा किया, ‘‘चंडीगढ़ के महापौर का चुनाव लोकतंत्र के इतिहास में काला अध्याय है। लगता है कि बनवारीलाल पुरोहित के राज्यपाल के पद से इस्तीफा देने के (घटनाक्रम के) तार इस घपले से जुड़े हुए हैं। वह बहुत परिपक्व, ज्ञानी और सिद्धांत पर चलने वाले व्यक्ति हैं…राज्यपाल का अचानक से इस्तीफा हो जाना भी कुछ दर्शाता है।”

Continue Reading
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Advertisement
National2 hours ago

‘‘AAP’ ने पंजाब से गद्दारी करने वाले सातों सांसदों की सदस्यता रद्द करने के लिए राज्यसभा के सभापति व उपराष्ट्रपति को भेजी याचिका- संजय सिंह

Punjab3 hours ago

कुरुक्षेत्र में शादी के 3 साल बाद पहली बार ससुराल पहुंचे CM भगवंत मान, पत्नी और लाडली बेटी संग निभाई ‘फेरा’ रस्म

National4 hours ago

मोहाली में AAP ने राघव चड्ढा का पुतला फूंका:पार्टी छोड़ बीजेपी में शामिल होने सात सांसदों के विरोध प्रदर्शन, गद्दारी करने का आरोप

Politics6 hours ago

डेराबस्सी बस स्टैंड पर AAP का प्रदर्शन:“पंजाब के गद्दार मुर्दाबाद” के नारे लगाए, MLA रंधावा बोले- नेताओं ने निजी स्वार्थ में बदली पार्टी

Punjab8 hours ago

पंजाब में ड्रग्स माफिया का खात्मा, भगवंत मान के एक्शन से 98000 क्रिमिनल अरेस्ट, हेरोइन जब्ती में 148% का भारी उछाल