Punjab
अमृतसर के अजनाला में शिक्षा की नई सौगात:CM भगवंत मान ने बिक्रौर में सरकारी डिग्री कॉलेज की नींव रखी
अमृतसर जिले के अजनाला क्षेत्र के बिक्रौर गांव में आज एक ऐतिहासिक और भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने इस अवसर पर नए सरकारी डिग्री की नींव रखी। इस कार्यक्रम में दिल्ली के पूर्व उप मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया, शिक्षा मंत्री हरजोत सिंह बैंस और लोक निर्माण मंत्री हरभजन सिंह ईटीओ विशेष रूप से उपस्थित रहे। मंच पर अजनाला से विधायक कुलदीप सिंह धालीवाल ने सभी अतिथियों का गर्मजोशी से स्वागत किया।
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने अपने संबोधन में कहा कि अजनाला आकर उन्हें अत्यंत खुशी महसूस हो रही है। उन्होंने बताया कि कॉलेज में प्रवेश लेने वाले छात्रों, खासकर बड़ी संख्या में छात्राओं को देखकर उनका मन प्रसन्न हो गया। उन्होंने कहा कि जब उन्होंने छात्रों से उनके भविष्य के सपनों के बारे में पूछा, तो कुछ छात्र आईपीएस अधिकारी बनना चाहते थे, कुछ डॉक्टर और कुछ वकील बनने की इच्छा जता रहे थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि इन बच्चों की आंखों में जो उत्साह और आत्मविश्वास झलक रहा है, वही इस क्षेत्र के उज्ज्वल भविष्य का प्रतीक है।
18 जनवरी अमृतसर दौरे की फोटो
पूर्व उप मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने कहा कि शिक्षा समाज और देश की प्रगति की असली नींव है। उन्होंने बताया कि अजनाला में यह कॉलेज विशेष रूप से इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि यहां के बच्चों को अब उच्च शिक्षा के लिए दूर-दराज के शहरों में नहीं जाना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि यह कॉलेज क्षेत्र के युवाओं के लिए नए अवसर खोलेगा और उन्हें अपने इलाके में ही बेहतर शिक्षा प्राप्त करने का मौका देगा।
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि शिक्षा ही विकास की असली कुंजी है और सरकार सरहदी क्षेत्रों को मुख्यधारा के साथ जोड़ने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। यह कॉलेज 2022 में किए गए वादे की पूर्ति का प्रतीक है। लंबे समय से अजनाला क्षेत्र के लोग सरकारी डिग्री कॉलेज की मांग कर रहे थे और आज यह सपना साकार हो गया है।
कार्यक्रम में उपस्थित स्थानीय लोगों ने मुख्यमंत्री और विधायक का धन्यवाद किया और कहा कि इस कॉलेज के निर्माण से गांव और सरहदी क्षेत्रों के छात्रों को रोजगारमुखी शिक्षा और प्रशिक्षण मिलेगा। इससे आने वाली पीढ़ियों का भविष्य मजबूत होगा। कार्यक्रम में शामिल रामदास रूरल एरिया की पूजा ने कहा कि यह कॉलेज हमारे क्षेत्र के लिए बहुत बड़ी सौगात है। उन्होंने बताया कि पहले बच्चों को पढ़ाई के लिए कई किलोमीटर दूर जाना पड़ता था, खासकर लड़कियों के लिए यह यात्रा कठिनाइयों से भरी होती थी।